उत्तर प्रदेश देश होम

लखनऊ में अब यातायात नियम तोड़ना पड़ेगा भारी, लगाने होंगे कोर्ट-कचहरी के चक्कर

डेमो

लखनऊ में नियम तोड़ना अब भारी पड़ेगा। यदि आपने नो-पार्किंग में या मेट्रो के नीचे गाड़ी खड़ी की तो कोर्ट, कचहरी का चक्कर लगाना तय है। क्योंकि अब जुर्माना भरने से काम नहीं चलेगा। शांति भंग की आशंका में वाहन स्वामी का भी चालान कर दिया जाएगा और जमानत करानी पड़ेगी।

अपर जिलाधिकारी ट्रांस गोमती ने इसे लेकर आदेश भी जारी कर दिया है। इसमें नो-पार्किंग, प्रतिबंधित रूट पर ई रिक्शा चलाना, मेट्रो पुल के नीचे गाड़ी खड़ी करना और प्रतिबंधित डीजल टैंपो चलाने पर गाड़ी का तो चालान होगा ही, वाहन मालिक के खिलाफ भी 107/116 की निरोधात्मक कार्रवाई की जाएगी।

इस तरह की सख्ती लखनऊ में पहली बार की जा रही है। आम तौर पर चुनाव के समय या दो पक्षों के बीच तनाव पर इलाके में कानून-व्यवस्था बिगड़ने की आशंका में पुलिस संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ सीआरपीसी की धारा 107/116 के तहत निरोधात्मक कार्रवाई करती है।

शहर में ऐसा पहली बार हो रहा है जब नो पार्किंग में गाड़ी खड़ी करने पर शांतिभंग की आशंका में चालान किया जाएगा। इससे अब अब आपको अनजाने भी नो-पार्किंग में गाड़ी खड़ी करना भारी पड़ सकता है। इसी तरह प्रतिबंधित रूट पर ई-रिक्शा चलाने वालों को भी अब चालान के अलावा जमानत भी लेनी पड़ेगी।चौराहों पर अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ भी पुलिस यही निरोधात्मक कार्रवाई करेगी। शहर में पहली बार नो-पार्किंग को लेकर शुरू हो रही इस तरह की निरोधात्मक कार्रवाई को शहर की यातायात व्यवस्था को सुधारने के लिए किया जा रहा है।