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LoC पर साजिश का पर्दाफाश: सेटेलाइट गाइडेड मोर्टार से सेना को निशाना बनाना चाहता है PAK

पाक आर्मी (फाइल फोटो)

लाइन ऑफ कंट्रोल के उस पार यानी पाक के कब्जे वाले कश्मीर में कई जगहों पर पाकिस्तानी सेना और आईएसआई भारतीय सुरक्षा बलों को निशाना बनाने के लिए सेटेलाइट गाइडेड मोर्टार लगाने में जुटे हैं. सूत्रों के मुताबिक इस तरीके के मोर्टार का इस्तेमाल पहले पाकिस्तान आर्मी ने कभी नहीं किया है. ये सेटेलाइट गाइडेड मोर्टार भारतीय सुरक्षा बलों के बंकर को निशाना बना सकते हैं. भारतीय सुरक्षा एजेंसियां लगातार ये देख रही हैं कि पाकिस्तान कुछ महीनों से ऐसी नई- नई तकनीक और हथियारों को खरीद रहा है, जिसका इस्तेमाल ज्यादातर चीन और अमेरिका करते आए हैं.

सेटेलाइट से संचालित होने वाले मोर्टार का इस्तेमाल चीन, सिंगापुर और अमेरिका जैसे देश करते हैं. पाकिस्तान अब इसका इस्तेमाल भारत के खिलाफ भी कर सकता है. सूत्रों ने ‘आजतक’ को बताया कि पाकिस्तान इन मोर्टार का इस्तेमाल भारत की सेना पर सटीक निशाना लगाने में कर सकता है. पाकिस्तानी सेना के कई अफसर इन मोर्टार को खरीदने के लिए अपने अलग- अलग देशों में मौजूद दूतावास के अधिकारियों की मदद ले रहे हैं.

बता दें कि इन मोर्टार की टेक्नोलॉजी कुछ यूरोपीय देशों के साथ-साथ चीन के पास भी मौजूद है. हालांकि, चीन में बने मोर्टार की ज्यादा जानकारी उपलब्ध नहीं है. पाकिस्तान ने इस साल फरवरी में भारत के सुरक्षा बलों पर हमला करने के लिए एन्टी टैंक गाईडेड मिसाइल (ATGMs) का प्रयोग किया था. यही नहीं, पाकिस्तान ने कई बार भारतीय सुरक्षा बलों पर लाइन ऑफ कंट्रोल के उस पार से हमला करने के लिए 120 एमएम मोर्टार का इस्तेमाल किया. सूत्रों ने बताया है कि गुरेज सेक्टर में कई जगहों पर पाक ने ऐसे 120 एमएम के मोर्टार को फॉरवर्ड लोकेशन में स्थापित कर दिया है.

वैसे, तो दुनिया भर के देश अलग अलग तरीके के मोर्टार का इस्तेमाल इस समय कर रहे हैं. इन मोर्टार की रेंज 500 मीटर से लेकर करीब 5 किमी तक की होती है. लेकिन सेटेलाइट गाइडेड मोर्टार का इस्तेमाल अमेरिकी सेना ने अफगानिस्तान में तालिबनी आतंकियों के ठिकानों को नष्ट करने के लिए किया था. इन मोर्टार ने तालिबानी आतंकियों पर बेहद अचूक निशाने लगाए थे. ऐसे में काफी लम्बे वक्त से इस्तेमाल हो रहे इन मोर्टार की टेक्नोलॉजी में लगातार बदलाव किया जा रहा है, जिससे वो पहले के मुकाबले अब ये और घातक हो चुके हैं. यही वजह है पाकिस्तान इस तरीके के घातक मोर्टार हासिल करने की कोशिश में लगा हुआ है, जिससे वो अचूक निशाना भारतीय सुरक्षा बलों पर आतंकियों की घुसपैठ कराने के लिए लगा सके.